वास्तु किसी भूखंड पर विभिन कार्यों के लिए कमरों का ज्यामित्य व्यवस्था ही नहीं
वास्तु ओर ज्योतिष एक दुसरे के पूरक ही हैं
वास्तु निर्माण प्रवेश में महुर्तू का त्याग भूल कर भी न करें
वास्तु की प्रतिकूलता को अनुकूल करने का उपचार तोड़ फोड़ ही नहीं
किसी भी वास्तु में पोधों के बिना प्राण शक्ति नहीं होती
वास्तु
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